उत्तर प्रदेश दिवस 2026: “यूपी है देश की धड़कन और आत्मा” — लखनऊ में अमित शाह का ऐतिहासिक उद्घोष

Saransh Kanaujia
3 Min Read

लखनऊ. “जब भारत अपनी आजादी की शताब्दी (2047) मनाएगा, तब उत्तर प्रदेश ‘विकसित भारत’ का सबसे मजबूत स्तंभ बनकर उभरेगा।” यह शब्द केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के हैं, जिन्होंने आज लखनऊ के ‘राष्ट्र प्रेरणा स्थल’ पर आयोजित ‘उत्तर प्रदेश दिवस-2026’ समारोह का उद्घाटन किया। इस वर्ष की थीम ‘विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश’ रखी गई है, जो राज्य की बदलती छवि और भविष्य के आर्थिक लक्ष्यों को समर्पित है।

🔝 अमित शाह के संबोधन की 5 बड़ी बातें

  1. यूपी- विकास का इंजन: अमित शाह ने कहा कि कभी ‘बीमारू’ राज्य कहलाने वाला यूपी आज देश की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। अब यह केवल एक राज्य नहीं, बल्कि भारत के विकास का ‘ग्रोथ इंजन’ है।

  2. धड़कन और आत्मा: उन्होंने भावुक होते हुए कहा, “उत्तर प्रदेश भारत की धड़कन और आत्मा है। यहाँ राम राज्य, कृष्ण और बुद्ध का ज्ञान समाहित है।”

  3. युवाओं को संबल (M-YUVA): गृह मंत्री ने ‘मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना’ (M-YUVA) के तहत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जनपदों को सम्मानित किया।

  4. नई योजनाओं का शुभारंभ: लखनऊ में ‘एक जनपद – एक व्यंजन’ (One District One Cuisine) और ‘सरदार पटेल औद्योगिक क्षेत्र योजना’ की शुरुआत की गई।

  5. सुरक्षा और सुशासन: उन्होंने कानून-व्यवस्था में सुधार की सराहना करते हुए कहा कि आज यूपी ‘भयमुक्त’ प्रदेश है।

📈 2026 के संकल्प और राज्य की प्रगति

उत्तर प्रदेश सरकार ने इस उत्सव के माध्यम से आगामी वर्षों के लिए कुछ स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित किए हैं:

  • 1 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी: यूपी तेजी से 1 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है। ‘सरदार पटेल औद्योगिक क्षेत्र योजना’ इस दिशा में मील का पत्थर साबित होगी।

  • कनेक्टिविटी: हर गाँव को 20 घंटे बिजली और बेहतर सड़क कनेक्टिविटी से जोड़ना।

  • सांस्कृतिक विरासत: ‘विकास भी और विरासत भी’ के मंत्र के साथ अयोध्या, काशी और मथुरा-वृंदावन में पर्यटन विस्तार।

  • युवा उद्यमिता: हर साल 1 लाख युवाओं को 5 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराना।

📍 उत्सव का विशेष आकर्षण: राष्ट्र प्रेरणा स्थल

लखनऊ के जिस 65 एकड़ क्षेत्र में कभी कूड़े का पहाड़ हुआ करता था, उसे सरकार ने ‘राष्ट्र प्रेरणा स्थल’ में बदल दिया है। यहाँ डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी, पंडित दीनदयाल उपाध्याय और अटल बिहारी वाजपेयी की विशाल प्रतिमाएं युवाओं के लिए प्रेरणा का केंद्र बनी हुई हैं।

Related Post

Share This Article