असम में मोदी मैजिक: ₹6950 करोड़ का काजीरंगा कॉरिडोर और अमृत भारत ट्रेनें, जानें पूरी डिटेल

गुवाहाटी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने दो दिवसीय असम दौरे पर हैं। एक महीने के भीतर असम का यह उनका दूसरा दौरा है, जो राज्य के रणनीतिक और राजनीतिक महत्व को दर्शाता है। शनिवार शाम गुवाहाटी पहुँचने के बाद, प्रधानमंत्री 18 जनवरी को असम को ₹6,950 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं की सौगात देंगे, जिसमें वन्यजीव संरक्षण और विश्व स्तरीय रेल कनेक्टिविटी पर विशेष जोर दिया गया है।

1. काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर: ‘विकास भी, विरासत भी’

प्रधानमंत्री ने नागांव जिले के कलियाबोर में काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर (NH-715) का भूमि पूजन करेंगे। यह परियोजना भारत में ‘इको-फ्रेंडली’ इंफ्रास्ट्रक्चर का सबसे बड़ा उदाहरण बनेगी।

  • लागत और लंबाई: ₹6,957 करोड़ की लागत से बनने वाला यह कॉरिडोर 86 किमी लंबा है।

  • वन्यजीवों की सुरक्षा: इसमें 35 किमी का हिस्सा ‘एलिवेटेड’ (जमीन से ऊपर) होगा। यह काजीरंगा नेशनल पार्क के 9 प्रमुख पशु गलियारों (Animal Corridors) के ऊपर से गुजरेगा, जिससे मानसून और बाढ़ के दौरान गैंडों, हाथियों और अन्य जानवरों को सड़क दुर्घटनाओं से बचाया जा सकेगा।

  • कनेक्टिविटी: यह ऊपरी असम (डिब्रूगढ़, तिनसुकिया) के सफर को तेज करेगा और पर्यटन को बढ़ावा देगा।

2. अमृत भारत और वंदे भारत स्लीपर की सौगात

कनेक्टिविटी को नई ऊंचाई देते हुए पीएम मोदी ने असम और उत्तर-पूर्वी भारत के लिए महत्वपूर्ण ट्रेनों को हरी झंडी दिखाई:

  • पहली वंदे भारत स्लीपर: मालदा (पश्चिम बंगाल) से हावड़ा-गुवाहाटी (कामाख्या) वंदे भारत स्लीपर को रवाना किया गया। यह देश की पहली स्लीपर वंदे भारत है, जो रात भर की यात्रा को बेहद आरामदायक बनाएगी।

  • दो नई अमृत भारत ट्रेनें: प्रधानमंत्री ने डिब्रूगढ़-गोमती नगर (लखनऊ) और कामाख्या (गुवाहाटी)-रोहतक अमृत भारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाई। ये ट्रेनें आम आदमी के लिए कम किराए में आधुनिक सुविधाओं (पुश-पुल तकनीक) के साथ लंबी दूरी का सफर आसान बनाएंगी।

3. सांस्कृतिक संगम: 10,000 कलाकारों का ‘बागुरुम्बा’ नृत्य

दौरे की शुरुआत शनिवार शाम गुवाहाटी के सरुसजाई स्टेडियम में एक ऐतिहासिक सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ हुई।

  • विश्व रिकॉर्ड की गूंज: बोडो समुदाय के 10,000 से अधिक कलाकारों ने एक साथ पारंपरिक ‘बागुरुम्बा’ नृत्य प्रस्तुत किया।

  • प्रधानमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि बोडो शांति समझौते के बाद क्षेत्र में जो शांति आई है, यह नृत्य उसी खुशहाली का प्रतिबिंब है।

4. 2026 चुनाव की आहट?

राजनीतिक विश्लेषक इस दौरे को 2026 की पहली छमाही में होने वाले असम विधानसभा चुनावों के शंखनाद के रूप में देख रहे हैं। पिछले एक महीने में पीएम का दूसरा दौरा और हजारों करोड़ के प्रोजेक्ट्स यह संकेत देते हैं कि केंद्र सरकार पूर्वोत्तर में अपनी पकड़ और मजबूत करना चाहती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *