कटक में बेंगलुरु-कामाख्या एक्सप्रेस डिरेल होने से 1 यात्री की मौत, 8 घायल

भुवनेश्वर. ओडिशा के कटक में रविवार को बेंगलुरु-कामाख्या सुपरफास्ट एक्सप्रेस (12551) के 11 AC कोच पटरी से उतर गए। हादसे में एक यात्री की मौत हो गई जबकि 8 अन्य घायल हैं। मेडिकल और इमरजेंसी टीम मौके पर मौजूद है। कटक के DM दत्तात्रेय शिंदे ने मौत की पुष्टि की है। घायलों को श्रीराम चंद्र भंज मेडिकल कॉलेज (SCBMCH) रेफर किया गया है। इनकी हालत स्थिर है। भीषण गर्मी के कारण दुर्घटना के बाद कुछ यात्री बीमार भी पड़ गए। घटनास्थल पर ही हेल्थ कैंप में उनका इलाज किया गया।

हादसा सुबह 11:54 बजे मंगुली पैसेंजर हॉल्ट से लगे निरगुंडी स्टेशन के पास हुआ था। अधिकारियों ने बताया कि हादसे की वजह से तीन ट्रेन डायवर्ट की गई हैं। फंसे हुए यात्रियों को कामाख्या पहुंचाने के लिए विशेष ट्रेन शाम 5:05 बजे घटनास्थल से रवाना हो चुकी है। ओडिशा फायर सर्विस के एक अधिकारी ने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन पूरा हो गया है। इससे पहले ईस्ट कोस्ट रेलवे के CPRO अशोक कुमार मिश्रा ने बताया था- बेंगलुरु से असम के गुवाहाटी स्थित कामाख्या जा रही ट्रेन 12 बजे के आसपास दुर्घटनाग्रस्त हुई। सभी यात्री सुरक्षित हैं।

53 घंटे में 3 हजार Km का सफर

बेंगलुरु-कामाख्या सुपरफास्ट एक्सप्रेस बेंगलुरु से 8:58 बजे सुबह निकलती है। यह तीसरे दिन दोपहर 1:45 बजे गुवाहाटी के कामाख्या स्टेशन पहुंचती है। यानी कुल 52 घंटे 55 मिनट में 3 हजार किलोमीटर की यात्रा पूरी करती है। अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना हावड़ा-चेन्नई डाउन लाइन पर हुई है। यह रूट काफी महत्वपूर्ण हैं। रूट पर आवागमन शुरू करने के लिए ऑपरेशन चलाया जा रहा है। अप लाइन शुरू कर दी गई है।

3 ट्रेन डायवर्ट की गईं

दुर्घटना की वजह से तीन ट्रेन डायवर्ट की गई हैं। इनमें धौली एक्सप्रेस, नीलांचल एक्सप्रेस और पुरुलिया एक्सप्रेस शामिल हैं। ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने दुर्घटना पर चिंता व्यक्त की और कहा, ‘अधिकारी घटनास्थल पर हैं, सहायता सुनिश्चित कर रहे हैं और जल्द से जल्द सामान्य स्थिति बहाल कर रहे हैं। सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी की गई है।

असम के दो लोग घायल

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि दुर्घटना में उनके राज्य के दो लोग घायल हुए हैं। उनका इलाज चल रहा है। उन्होंने X पर एक पोस्ट में कहा, ‘दोनों खतरे से बाहर हैं। हम ओडिशा सरकार और रेलवे के संपर्क में हैं। प्रत्येक प्रभावित व्यक्ति से संपर्क करेंगे।’

22 जनवरी को पुष्पक एक्सप्रेस हादसे का शिकार हुई थी

महाराष्ट्र के जलगांव में 22 जनवरी को लखनऊ से मुंबई जा रही पुष्पक एक्सप्रेस के 23 यात्रियों को दूसरे ट्रैक पर आ रही कर्नाटक एक्सप्रेस ने कुचल दिया। हादसे में 13 लोगों की मौत हुई थी जबकि 10 लोग घायल हो गए थे। घटना के दौरान ट्रेन में मौजूद लोगों ने बताया कि एक चायवाले ने ट्रेन में आग लगने की अफवाह फैलाई थी।

साभार : दैनिक भास्कर

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