अभिनेता महेश बाबू को ईडी का समन, 27 अप्रैल को पूछताछ के लिए बुलाया

Saransh Kanaujia
3 Min Read

मुंबई. ईडी ने रियल एस्टेट फर्मों से जुड़ी चल रही मनी लॉन्ड्रिंग जांच के सिलसिले में तेलुगु सुपरस्टार महेश बाबू को नोटिस जारी किया है। टॉलीवुड एक्टर महेश बाबू को 27 अप्रैल को पूछताछ के लिए बुलाया गया है। रिपोर्टों के अनुसार, जांच दो रियल एस्टेट कंपनियों – साई सूर्या डेवलपर्स और सुराना ग्रुप द्वारा कथित धोखाधड़ी और बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं से जुड़ा है।

नगद भुगतान जांच के घेरे में

जानकारी के अनुसार, महेश ने साई सूर्या डेवलपर्स और सुराना ग्रुप द्वारा शुरू की गई रियल एस्टेट परियोजनाओं के प्रमोशन ads में काम किया। कथित तौर पर महेश को इन विज्ञापनों के लिए 5.9 करोड़ रुपये मिले। 3.4 करोड़ रुपये चेक के माध्यम से और 2.5 करोड़ रुपये नकद। अब नकद भुगतान जांच के दायरे में आ गया है।

तेलंगाना पुलिस ने रियल एस्टेट कंपनियों के खिलाफ दर्ज की है केस

तेलंगाना पुलिस ने हैदराबाद प्रॉपर्टीज लिमिटेड के नरेंद्र सुराना और साई सूर्या डेवलपर्स के सतीश चंद्र गुप्ता के खिलाफ एफआईआर दर्ज की हैं। आरोप है कि इन दोनों ने अनधिकृत लेआउट में प्लॉट बेचकर, एक ही प्लॉट को कई बार बेचकर और रजिस्ट्रेशन के बारे में झूठे वादे करके खरीदारों को धोखा दिया। जैसे ही ईडी ने जांच शुरू की, उन्होंने महेश बाबू को किए गए भुगतानों पर ध्यान दिया और अनुमान लगाया कि नकद में भुगतान किए गए 2.5 करोड़ रुपये लॉन्ड्रिंग नेटवर्क का हिस्सा होंगे।

पुलिस की एफआईआर में लगे हैं ये आरोप

तेलंगाना पुलिस द्वारा दर्ज की गई एफआईआर में संस्थाओं पर अनधिकृत लेआउट में भूखंड बेचकर, एक ही भूखंड की कई बिक्री करके और फर्जी पंजीकरण गारंटी की पेशकश करके निवेशकों को धोखा देने का आरोप लगाया गया है। माना जाता है कि अभिनेता के इन परियोजनाओं के समर्थन ने जनता का विश्वास बनाने और उन खरीदारों को आकर्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, जो कथित धोखाधड़ी से अनजान थे। बता दें कि महेश बाबू फिलहाल एसएस राजामौली के साथ अपनी अगली फिल्म पर काम करने में व्यस्त हैं। इस महीने की शुरुआत में बनने वाली इस फिल्म में प्रियंका चोपड़ा भी प्रमुख महिला की भूमिका में हैं।

साभार : इंडिया टीवी

भारत : 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि) व/या भारत : 1857 से 1957 (इतिहास पर एक दृष्टि) पुस्तक अपने घर/कार्यालय पर मंगाने के लिए आप निम्न लिंक पर क्लिक कर सकते हैं

सारांश कनौजिया की पुस्तकें

ऑडियो बुक : भारत 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि)

Related Post

Share This Article