पुतिन ने यूक्रेन को युद्धविराम के लिए भेजा प्रस्ताव, 3 साल से चल रहा है युद्ध

मास्को. रूस और यूक्रेन के बीच पिछले 3 सालों से जंग जारी है. वहीं अमेरिका कई बार इस युद्ध के समाप्त करने की कोशिश करता दिखा है. माना जा रहा है कि अमेरिका की मेहनत अब रंग ला रही है. दरअसल रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पहली बार यूक्रेन के साथ द्विपक्षीय वार्ता का प्रस्ताव रखा है. उन्होंने कहा कि वह ईस्टर के लिए एक दिन के सीजफायर के साथ और अधिक युद्धविराम के लिए तैयार हैं.

शांति पहल के लिए तैयार रूस

‘रॉयटर्स’ की रिपोर्ट के मुताबिक रूसी मीडिया से बातचीत करते हुए पुतिन ने कहा कि ईस्टर के चलते 30 घंटे तक के युद्धविराम के बाद अब जंग वापस शुरु हो गई है. इसके अलावा पुतिन ने कहा कि मॉस्को किसी भी तरह के शांति पहल के लिए तैयार है. वह कीव से भी यही उम्मीद करता है. अमेरिका का कहना है कि वह दोनों देशों के बीच युद्धविराम के समझौते के विस्तार का स्वागत करेगा. वहीं हाल ही में यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने कीव के एक प्रतिनिधिमंडल को लंदन भेजने की बात कही थी, जहां वे US समेत कई पश्चिमी देशों से मुलाकात करेंगे. यह मुलाकात पिछले हफ्ते पेरिस में जंग रोकने के लिए अमेरिका समेत कई पश्चिमी देशों के साथ हुई चर्चा का अगला चरण है.

यूक्रेन पक्ष से बातचीत करेंगे पुतिन?

युद्धविराम को लेकर क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा,’ जब राष्ट्रपति पुतिन ने कहा कि नागरिक ठिकानों पर हमला न करने के मुद्दे पर चर्चा करना संभव है, जिसमें द्विपक्षीय वार्ता करना भी शामिल है, तो राष्ट्रपति का मतलब यूक्रेनी पक्ष के साथ बातचीत और विचार-विमर्श से था.’ वहीं दूसरी ओर जेलेंस्की की ओर से अपने ‘x’पोस्ट में लंदन वार्ता के लिए यूक्रेनी प्रतिनिधिमंडल का ऐलान करते समय पुतिन की द्विपक्षीय वार्ता पर टिप्पणी का कोई जिक्र नहीं किया गया.

‘सामने वाले के स्वभाव के ऊपर ही यूक्रेन का रिएक्शन…’

जेलेंस्की ने लिखा,’ यूक्रेन, यूनाइटेड किंगडम, फ्रांस और USA- हम बिना शर्त युद्धविराम हासिल करने के लिए और उसके बाद वास्तविक और स्थायी शांति की स्थापना के लिए पहले की तरह ही रचनात्मक रूप से आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं.’ इससे पहले सोमवार 21 अप्रैल 2025 को जेलेंस्की ने कहा था कि उनकी सेना रूसी हमलों का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है. उन्होंने कहा था कि सामने वाले के स्वभाव के ऊपर ही यूक्रेन का रिएक्शन निर्भर होगा. वहीं पिछले हफ्ते अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा था कि अगर शांति वार्ता को लेकर कोी प्रगति नहीं होती है तो वाशिंगटन पूरी तरह से शांति से वार्ता अलग हो जाएगा.

साभार : जी न्यूज

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