प्राण प्रतिष्ठा के बाद हर दिन दो लाख श्रद्धालु करते हैं दर्शन : योगी आदित्यनाथ

लखनऊ. सीएम ने लोगों से त्रिवेणी नगरी संगम जाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सभी लोग एक बार जाकर वहां की व्यवस्था जाकर जरूर देखिए। एक बार संगम में डुबकी जरूर लगाएं। सीएम ने 13 जनवरी से 26 फरवरी तक होने वाले महाकुंभ की शुभकामनाएं दी। उन्होंने मंकर संक्रांति पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं।

सत्य को अधिक दिनों तक छिपाया नहीं जा सकता-सीएम

सीएम ने कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में जिस ओर देश बढ़ रहा है, हम सब उसका हिस्सा बने। सत्य को अधिक दिनों तक छिपाया नहीं जा सकता है। कहा कि प्रयागराज की धरती पर महाकुंभ का आयोजन होने जा रहा है। अयोध्या जैसी ही सुविधा प्रयागराज में भी है। कहा कि आपकी श्रद्धा है, तो ईश्वर खुद ही आपको शक्ति दे देते हैं।

जाति के आधार पर बंटे, तो मिलेगा उत्पीड़न

सीएम ने कहा कि एक बात ध्यान रखना होगा, कि आज से पहले वह कौन सी परिस्थितियां थीं, जब समाज बंटा था। यदि हम जाति के आधार पर बंटे रहेंगे, तो उत्पीड़न झेलना पड़ेगा। एक रहेंगे तो सनातन मजबूत होगा, देश मजबूत होगा। यदि भाषाई, क्षेत्रीय और जाति के आधार बंटेगे तो सबसे पहले इसका खामियाजा हमारे धार्मिक स्थलों को भुगतना पड़ेगा।

सार्थकता की ओर आगे बढ़ा राम मंदिर आंदोलन

सीएम ने कहा कि राम जन्मभूमि के लिए जो आंदोलन शुरू हुआ था, वह आज सार्थकता की ओर आगे बढ़ रहा है। कहा कि जब दो वर्षों में राम मंदिर पूरी तरह तैयार हो जाएगा, तब यह अयोध्या धाम पूरे विश्व में सबसे सुंदर नगरी के रूप में निखरेगा। कहा कि राम मंदिर में सुविधाओं को आगे बढ़ाने का काम तेजी से चल रहा है।

जिसने जिस भाषा में समझा, उसे उस भाषा में समझाया

सीएम ने कहा कि शासन से लेकर हर किसी तक जिसने जिस भाषा में समझा, उसे उस भाषा में समझाया गया। आज हम भाव विभोर हो जाते हैं। हमारी तीन पीढ़ियां राम मंदिर आंदोलन से जुड़ी रहीं। यह हमारे लिए अत्यंत गौरव का विषय है। कहा कि हमारे गुरुदेव जब अस्पताल में अंतिम समय पर थे, तब भी उन्होंने आखिरी बार अशोक सिंघल से बात की थी।  उन्होंने पूछा था कि राम जी का मंदिर बन जाएगा न?

सीएम ने कहा कि आज अयोध्या के पास अपना हवाई अड्डा है। आज सरयू जी का जल सड़ता नहीं। यहां की सड़कें त्रेतायुग का स्मरण कराती हैं। आज अयोध्या, अयोध्या होने का अहसास कराती है। आज अयोध्या सोलर से चलती है। सीएम ने कहा कि अयोध्या एक दिन में ऐसी नहीं बनी है। इसके लिए लाखों लोगों को त्याग देना पड़ा। तपस्या करनी पड़ी। लाखों लोग 500 वर्षों से अपने आराध्य को स्थापित करने के लिए संघर्ष करते रहे। सीएम योगी ने कहा कि 5 अगस्त 2020 पीएम मोदी ने इसी स्थान पर मंदिर के निर्माण की लिए पूजन किया था। सीएम ने कहा 2024 में प्राण प्रतिष्ठा के बाद हर दिन लगभग 1.5 से दो लाख श्रद्धालु यहां दर्शन करते हैं। पहले यहां महज तीन-चार घंटे ही बिजली मिलती थी। राम जी की पैड़ी में सरयू का जल सड़ता रहता था। सफाई की कोई व्यवस्था नहीं थी। अयोध्या के पास कोई हवाई अड्डा नहीं था।

साभार : अमर उजाला

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