कैंसर से पीड़ित अभिनेता अतुल परचुरे का 57 वर्ष की आयु में निधन

मुंबई. जाने-माने अभिनेता अतुल परचुरे का 57 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। अभिनेता कैंसर से पीड़ित थे। वह ‘द कपिल शर्मा शो’ सहित कई टीवी धारावाहिकों और फिल्मों में अपनी उपस्थिति के लिए जाने जाते थे। अतुल परचुरे एक प्रतिभाशाली अभिनेता थे, जो पिछले एक साल से कैंसर से जूझ रहे थे। 14 अक्टूबर को उनका निधन हो गया। उनके निधन से मनोरंजन जगत में शोक की लहर दौड़ पड़ी है।

टीवी से लेकर फिल्मों तक किया शानदार काम

अभिनेता ने टेलीविजन और फिल्मों दोनों जगह ही अपनी पहचान बनाई। उन्होंने ‘आरके लक्ष्मण की दुनिया’, ‘जागो मोहन प्यारे’, ‘यम हैं हम’, ‘बड़ी दूर से आए हैं’, ‘द कपिल शर्मा शो’ और कई मराठी धारावाहिकों और लोकप्रिय कॉमेडी शो में अपने अभिनय का लोहा मनवाया। टीवी के अलावा अभिनेता  हिंदी और मराठी फिल्मों में दिखाई दिए, जहां अपनी कॉमेडी और कॉमिक टाइमिंग से वह दर्शकों के पसंदीदा बन गए।

कैंसर का पता चलने के बाद नहीं आती थी नींद

अभिनेता ने खासकर  कॉमेडी के क्षेत्र में गहरा प्रभाव छोड़ा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक पिछले साल जुलाई में बॉम्बे टाइम्स के साथ एक साक्षात्कार में अभिनेता ने खुलासा किया था कि उनके लिए कैंसर का पता चलने के बाद उसे स्वीकार करना आसान था। उन्होंने कहा था, ‘मैं मानसिक रूप से तैयार था कि मेरे साथ कुछ गड़बड़ है। सकारात्मक दृष्टिकोण बनाए रखने के बावजूद, काम ना करने की वजह से “रातों की नींद हराम” कर दी। ऐसा नहीं है कि मेरे दिमाग में नकारात्मक विचार नहीं आते थे। मुझे इस चिंता में कई रातें जागकर गुजारनी पड़ीं कि मैं कब काम पर वापस लौटूंगा। एक तरफ, आय बंद हो गई, जबकि खर्च शुरू हो गए और कैंसर के इलाज की लागत बहुत अधिक है।

परिवार ने दिया भरपूर साथ

उसी साक्षात्कार में, अभिनेता ने मेडिक्लेम के महत्व पर भी जोर दिया था, जिसने उन्हें वित्तीय बोझ को संभालने में मदद की। उन्होंने साझा किया था, ‘मेडिक्लेम ने मेरी बचत के साथ-साथ मुझे आंशिक रूप से बचाया, नहीं तो यह बहुत मुश्किल होता। मुझे कभी भी निराशा महसूस नहीं हुई क्योंकि मेरे परिवार ने कभी भी मेरे साथ एक मरीज की तरह व्यवहार नहीं किया।

साभार : अमर उजाला

भारत : 1885 से 1950 (इतिहास पर एक दृष्टि) व/या भारत : 1857 से 1957 (इतिहास पर एक दृष्टि) पुस्तक अपने घर/कार्यालय पर मंगाने के लिए आप निम्न लिंक पर क्लिक कर सकते हैं

सारांश कनौजिया की पुस्तकें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *