कानपुर सर्राफा बाजार: सोना-चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी, खरीदारी से पहले समझें असली ‘रेट का गणित’

कानपुर । रविवार, 24 मई 2026

उत्तर प्रदेश के प्रमुख व्यापारिक केंद्र कानपुर के ऐतिहासिक सर्राफा बाजार (बिरहाना रोड और नयागंज) में सोने और चांदी की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव का दौर जारी है। वैवाहिक सीजन (शादी-विवाह के मुहूर्त) की मजबूत मांग, निवेशकों की बढ़ती रुचि और वैश्विक अनिश्चितताओं के कारण बाजार में हलचल बनी हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में डॉलर इंडेक्स की चाल और भू-राजनीतिक (Geopolitical) परिस्थितियां भी घरेलू सर्राफा बाजार को सीधे प्रभावित कर रही हैं।

सर्राफा कारोबारियों के अनुसार, हाल के दिनों में बाजार में हल्की तेजी के साथ कुछ महत्वपूर्ण सुधार भी देखे गए हैं। ग्राहकों को सलाह दी जाती है कि वे केवल बेस प्राइस देखकर भ्रमित न हों, बल्कि अंतिम बिलिंग पर लगने वाले अतिरिक्त करों को भी ध्यान से समझें।

कानपुर में आज का सोने का भाव (प्रति 10 ग्राम)

स्थानीय सर्राफा कमेटी और प्रमुख व्यापारियों से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, कानपुर बाजार में सोने की शुद्धता के आधार पर आज की सांकेतिक कीमतें इस प्रकार हैं:

सोने के प्रकार (Purity) कीमत (प्रति 10 ग्राम)
24 कैरेट सोना (99.9% शुद्ध) ₹1,51,990
22 कैरेट सोना (91.6% जेवर सोना) ₹1,44,750
18 कैरेट सोना (75% डिजाइनर सोना) ₹1,18,430

चांदी का ताजा भाव (Silver Price Today)

औद्योगिक मांग और गहनों की भारी डिमांड के चलते चांदी की कीमतों में भी लगातार स्थिरता और सुधार देखा जा रहा है। छोटे और बड़े वजन के हिसाब से चांदी के दाम निम्नलिखित स्तर पर बने हुए हैं:

वजन (Weight) कीमत (₹)
1 ग्राम चांदी ₹290.10
10 ग्राम चांदी ₹2,901
100 ग्राम चांदी ₹29,010
1 किलोग्राम चांदी ₹2,90,100

⚠️ ग्राहकों के लिए जरूरी सुधार: खरीदारी से पहले समझें टैक्स का पूरा गणित

अक्सर ग्राहक समाचारों या डिजिटल बोर्ड पर केवल ‘बेस प्राइस’ (कच्ची धातु का भाव) देखकर आभूषण खरीदने शोरूम पहुंच जाते हैं, जिससे उनका बजट बिगड़ जाता है। सर्राफा व्यापारियों ने स्पष्ट किया है कि प्रदर्शित मौजूदा कीमतों में 3 प्रतिशत जीएसटी (GST) और मेकिंग चार्ज (घड़ाई शुल्क) शामिल नहीं होते हैं।

गहने खरीदते समय ग्राहकों को निम्नलिखित अतिरिक्त शुल्क देने होंगे, जो हर ज्वैलर और डिजाइन के अनुसार अलग-अलग होते हैं:

1.बेस प्राइस की जांच:चरण 1.

सबसे पहले अपनी पसंद की शुद्धता (जैसे 22 कैरेट) का उस दिन का आधिकारिक बेस रेट नोट करें।

2.मेकिंग चार्ज जोड़ें:चरण 2.

डिजाइन की जटिलता के आधार पर ज्वैलर्स आमतौर पर 5% से 25% तक मेकिंग चार्ज जोड़ते हैं। बेस प्राइस में इसे प्लस करें।

3.3% GST की गणना:चरण 3.

(बेस प्राइस + मेकिंग चार्ज) की कुल राशि पर सरकार द्वारा तय 3% वस्तु एवं सेवा कर (GST) निकाला जाता है।

4.हॉलमार्क की जांच और फाइनल बिलिंग:चरण 4.

सुनिश्चित करें कि आभूषण पर 6 अंकों का HUID हॉलमार्क कोड अंकित हो। सभी शुल्कों को मिलाकर आपका अंतिम बिल तैयार होता है।

स्मार्ट टिप: यदि आप शुद्ध निवेश करना चाहते हैं, तो आभूषणों के बजाय 24 कैरेट सोने के सिक्के या डिजिटल गोल्ड चुन सकते हैं, क्योंकि इसमें मेकिंग चार्ज का नुकसान नहीं उठाना पड़ता।

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