अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी कैंपस में एक शिक्षक की गोली मारकर हत्या कर दी गई

Saransh Kanaujia
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लखनऊ. अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (AMU) एक बार फिर गोलियों की गूंज से दहल उठा. कैंपस के भीतर दिनदहाड़े हुई इस वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. नकाबपोश बदमाशों ने एक शिक्षक को निशाना बनाकर मौत के घाट उतार दिया. इस घटना ने न सिर्फ विश्वविद्यालय प्रशासन बल्कि पूरे शहर को हिला कर रख दिया है.

कैंपस में सनसनीखेज हत्या

AMU कैंपस के ABK हाई स्कूल में तैनात शिक्षक दानिश राव की नकाबपोश बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी. यह घटना केनेडी हॉल के पास कैंटीन के नजदीक हुई, जहां अचानक फायरिंग से अफरा-तफरी मच गई.

गोली लगने से गंभीर रूप से घायल दानिश राव को तुरंत जेएन मेडिकल कॉलेज ले जाया गया. डॉक्टरों ने पूरी कोशिश की, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई. इस निर्मम हत्या ने परिजनों को गहरे सदमे में डाल दिया है.

पुलिस की कार्रवाई और जांच

घटना की सूचना मिलते ही अलीगढ़ पुलिस और एसएसपी नीरज कुमार जादौन भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. पूरे इलाके को घेर लिया गया और AMU कैंपस के CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं. फॉरेंसिक टीम भी मौके पर पहुंच गई है. पुलिस ने अज्ञात हमलावरों की तलाश में कई टीमें गठित की हैं.

टीचर के सिर पर लगी गोली

मृतक दानिश राव अलीगढ़ यूनिवर्सिटी कैंपस के ABK हाई स्कूल में 11 साल से कंप्यूटर के शिक्षक थे. रात 8.50 के आसपास दानिश राव अपने दो साथियों के साथ घूमने निकले थे. इस दौरान सेंट्रल लाइब्रेरी के नजदीक स्कूटी सवार बदमाशों ने उनको रोका और धमकी देते हुए उनको चार गोलियां मारी. एक गोली टीचर के सिर पर लगी. इसके बाद दोनों हमलावर तमंचा लहराते हुए यूनिवर्सिटी कैंपस से फरार हो गए. परिजनों ने फिलहाल किसी दुश्मनी की बात से इनकार किया है.

SSP का बयान

एसएसपी नीरज कुमार जादौन ने कहा कि हमें एक शिक्षक को गोली मारने की सूचना मिली थी. मौके पर निरीक्षण किया गया है. फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया है. आरोपियों की पहचान नहीं हो पाई है, लेकिन कई टीमें काम कर रही हैं. जल्द ही गिरफ्तारी होगी.

राजनीतिक बयानबाजी तेज

इस घटना के बाद राजनीतिक बयानबाजी भी शुरू हो गई है. सपा नेता अज्जू इशहाक ने कहा कि यूपी सरकार जीरो टॉलरेंस की बात करती है, लेकिन शिक्षक तक सुरक्षित नहीं हैं. खुलेआम हत्याएं हो रही हैं. ये जीरो टॉलरेंस नीति पूरी तरह फेल साबित हो रही है. दोषियों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए.

साभार : एनडीटीवी

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