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आईएमएफ के बाद एडीबी ने भी भारत को दिया झटका, पाकिस्तान को मिला 800 मिलियन डॉलर का कर्ज

Saransh Kanaujia
3 Min Read

इस्लामाबाद. ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत की कार्रवाई के बाद पाकिस्तान को बड़ा नुकसान हुआ है। जिसके बाद एक बार फिर पाकिस्तान मदद के नाम पर दुनिया के देशों से भीख मांगने पहुंच गया। इस बीच एशियाई विकास बैंक (ADB) ने पाकिस्तान के लिए 800 मिलियन अमेरिकी डॉलर के बेलआउट पैकेज को मंजूरी दे दी है। भारत के विरोध के बावजूद ADB ने यह कदम उठाया है। भारत ने आतंकवाद को वित्तपोषित करने के अपने इतिहास के कारण पाकिस्तान को किसी भी तरह की सहायता देने पर कड़ी आपत्ति जताई थी। इससे पहले अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने भी पाकिस्तान को करीब 8,500 करोड़ रुपये का बेलआउट पैकेज जारी किया था। पाकिस्तान की आर्थिक कमजोरी का हवाला देते हुए भारत ने कर्ज की रकम के दुरुपयोग पर भी गंभीर चिंता जताई है।

पाकिस्तान को क्यों मिला ऋण?

पाकिस्तान के वित्त मंत्री के सलाहकार खुर्रम शहजाद ने कहा कि इस पैकेज के तहत 300 मिलियन अमेरिकी डॉलर का नीति आधारित ऋण (PBL) और देश में योजना कार्य (PBG) को पूरा करने के लिए 500 मिलियन अमेरिकी डॉलर का ऋण दिया गया है। पाकिस्तानी अखबार द एक्सप्रेस ट्रिब्यून के मुताबिक, पाकिस्तानी वित्त मंत्रालय ने कहा कि इसका उद्देश्य घरेलू संसाधनों को जुटाना और वित्तीय सुधारों के जरिए अर्थव्यवस्था को स्थिर करना है। मंत्रालय ने कहा, “इस सहायता से कर प्रणाली में सुधार होगा और राजस्व में वृद्धि होगी। यह आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।”

‘विकास के बजाय आतंकवाद पर खर्च करेगा पाकिस्तान’

भारत का कहना है कि पाकिस्तान एडीबी और अन्य अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से मिले कर्ज का इस्तेमाल अपने देश के विकास के बजाय आतंकवाद और सैन्य खर्चों के लिए कर सकता है। भारत ने कहा कि एडीबी और आईएमएफ से कई बार कर्ज मिलने के बावजूद पाकिस्तान अपने आर्थिक सुधारों को लागू करने में बार-बार विफल रहा है। पाकिस्तान की कमजोर सरकार का जिक्र करते हुए भारत ने कहा कि वहां की सेना के हर फैसले में सेना दखल देती है।

साभार : इंडिया न्यूज

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