अमित शाह ने की मणिपुर हिंसा की समीक्षा, एनपीपी ने भाजपा से वापस लिया समर्थन

Saransh Kanaujia
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इंफाल. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मणिपुर में सुरक्षा स्थिति की रविवार को समीक्षा की और शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों को राज्य में शांति सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कदम उठाने का निर्देश दिया. शाह ने महाराष्ट्र में अपनी चुनावी रैलियां रद्द करके लौटने के तुरंत बाद यह बैठक की. सूत्रों की मानें तो गृह मंत्री ने शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों के साथ मणिपुर में सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की और उन्हें शांति सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कदम उठाने का निर्देश दिया. यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब मणिपुर में महिलाओं और बच्चों के शव बरामद होने के बाद विरोध प्रदर्शन और हिंसा के कारण स्थिति अस्थिर बनी हुई है. मणिपुर पिछले साल मई से ही जातीय संघर्ष से जूझ रहा है.

इंटरनेट सेवा बंद करने के निर्देश

मणिपुर के मुख्य सचिव विनीत जोशी ने वर्तमान में प्रभावित जिलों इंफाल पश्चिम, इंफाल पूर्व, बिष्णुपुर, थौबल, काकचिंग, कांगपोकपी और चुराचांदपुर के क्षेत्रीय अधिकार क्षेत्र में दो दिनों के लिए इंटरनेट और मोबाइल डेटा सेवाओं को अस्थायी रूप से निलंबित करने का आदेश दिए हैं.

मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह के निजी आवास पर हमले का भी हुआ प्रयास

शनिवार शाम को भीड़ ने मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह के निजी आवास पर भी हमला करने का प्रयास किया, जिससे सुरक्षाबलों और प्रदर्शनकारियों के बीच काफी झड़प हुई. वहीं दूसरी ओर आक्रोशित भीड़ ने निंगथौखोंग में राज्य के पीडब्ल्यूडी मंत्री गोविंद दास कोंथौजम, लैंगमीडोंग बाजार में हियांगलाम के भाजपा विधायक वाई राधेश्याम, थौबल जिले में वांगजिंग टेंथा के भाजपा विधायक पाओनम ब्रोजेन और इंफाल पूर्व जिले में खुंड्राकपम के कांग्रेस विधायक थोकचोम लोकेश्वर के घरों को आग लगा दी.

सुरक्षा कर्मियों ने दागे आंसू गैस के गोले

अधिकारियों ने बताया कि असम राइफल्स, बीएसएफ और राज्य बलों सहित सुरक्षा कर्मियों ने प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए कई राउंड आंसू गैस के गोले दागे, रबर की गोलियां चलाईं

एनपीपी ने हिंसा के मद्देनजर NDA सरकार से वापस लिया समर्थन

मणिपुर में भाजपा को बड़ा झटका लगा है। दरअसल हिंसा के मद्देनजर एनपीपी ने भाजपा नीत सरकार से समर्थन वापस ले लिया है। जानकारी के मुताबिक एनपीपी ने राज्य में जारी हिंसा को रोकने लिए सीएम एन बीरेन सिंह की कोशिशों पर सवाल भी खड़े किए हैं। नेशनल पीपुल्स पार्टी ने भारतीय जनता पार्टी की सरकार को राज्य में लंबे समय से चल रही अशांति के लिए जिम्मेदार ठहराया है।

साभार : एबीपी न्यूज़, अमर उजाला

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