उमेश पाल हत्याकांड के आरोपी नफीस बिरयानी की हार्ट अटैक से जेल में मौत

Saransh Kanaujia
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लखनऊ. प्रयागराज के बहुचर्चित उमेश पाल तिहरे हत्याकांड में कथित तौर पर शामिल नफीस बिरयानी (50) की रविवार देर रात ह्रदय गति रुकने से मृत्यु हो गई. नफीस को माफिया अतीक अहमद का भी करीबी माना जाता था. नैनी केंद्रीय कारागार में बंद नफीस बिरयानी को तबीयत खराब होने पर रविवार शाम को एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया था. प्रयागराज पुलिस के मीडिया प्रकोष्ठ द्वारा जारी विज्ञप्ति के मुताबिक, उमेश पाल तिहरे हत्याकांड में वांछित नफीस बिरयानी को 22 नवंबर, 2023 को पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार किया गया था. उस पर 50,000 रुपये का इनाम भी घोषित था. रविवार देर रात को हृदय गति रुकने से उसकी मृत्यु हो गई.

हमले के दौरान नफीस बिरयानी की कार का इस्‍तेमाल

चिकित्सकों के अनुसार, मौत की वजह शुरुआती जांच में ह्रदय गति रुकना है. पुलिस द्वारा शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है. बता दें कि उमेश पाल और उसके दो सुरक्षा गार्ड पर हमले के दौरान जिस कार का प्रयोग किया गया था, वह कथित तौर पर नफीस बिरयानी की थी.

उमेश पाल हत्याकांड केस के कई आरोपी अब भी फरार

उमेश पाल हत्याकांड सहित 100 से अधिक आपराधिक मामलों में नामजद अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की इसी वर्ष 15 अप्रैल को प्रयागराज के काल्विन अस्पताल में गोली मारकर हत्या कर दी गई. अतीक की पत्नी शाइस्ता परवीन, गुड्डू मुस्लिम, अशरफ की पत्नी जैनब सहित कई अभियुक्त फरार हैं. पुलिस इन आरोपियों की तलाश कर रही है. बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के विधायक राजू पाल हत्याकांड के मुख्य गवाह उमेश पाल और उसके दो सुरक्षा गार्ड की 25 फरवरी, 2023 को दिन दहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. उमेश पाल की पत्नी जया पाल की तहरीर पर धूमनगंज थाने में माफिया अतीक अहमद, भाई अशरफ, पत्नी शाइस्ता परवीन, अतीक के दो बेटों, अतीक के साथी गुड्डू मुस्लिम और गुलाम तथा नौ अन्य साथियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था.

साभार : एनडीटीवी

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